दुर्गापूजा पुष्पांजलि [Durgapuja Pushpanjali]
दुर्गापूजा पुष्पांजलि के लिए आप लाल पुष्प, कमल के फूल और बेलपत्र जरूर रखे| अक्षत और लाल चन्दन भी पुष्पांजलि देने के लिए इस्तेमाल करें| पूजा के अंत में और आरती से पहले पुष्पांजलि दे| बहुत से लोग आरती के बाद पुष्पांजलि देते हैं पर यह सही तरीका नहीं होता है| आरती से पहल तीनबार पुष्पांजलि देकर आरती के बाद प्रणाम मंत्र के साथ प्रणिपात करना जरुरी होती है| आरती समापन करके पहल साष्टांग नमस्कार करना होता है और फिर प्रणाम मन्त्र के साथ प्रणिपात| पुष्पांजलि मन्त्र- ॐ जयंती मंगला काली भद्रकाली कपालिनी दुर्गा क्षमा शिवा धात्री स्वाहा स्वधा नमोहस्तु ते|| एष सचंदन बिल्वपत्र पुष्पांजलि ॐ श्रीश्री भगवती दुर्गा देव्यै नमः| दुर्गा प्रणाम मंत्र- सर्वमंगलमांगल्ये शिवे सर्वार्थसाधिके । शरण्ये त्र्यम्बके गौरी नारायणि नमोहस्तु ते|| सृष्टिस्थितिविनाशानां शक्तिभूते सनातनि| गुणाश्रय गुणमये नारायणि नमोहस्तु ते|| शरणागतदीनार्तपरित्राणपारायणे| सर्वस्यार्तिहरे देवी नारायणि नमोहस्तु ते||